पुरी कहानी पाठकों के अनुरोध पर दोबारा पब्लिश कर रहा हूं।
~AMNA_AJ
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“यह जो दुनिया हमें दिखायी देती है यह हमारी ही सोच का प्रभाव है। हमारी सोच को बदले बिना हम इस दुनिया को नही बदल सकते।” – ALBERT EINSTEIN
“ऐसे लोग जो अपनी सोच को नहीं बदल सकते वे लोग कुछ नहीं बदल सकते।” – GEORGE BERNARD SHAW
“जो इस दुनिया को आगे ले जाना चाहता है, सबसे पहले उसे आगे बढ़ने दीजिये।” – SOCRATES
इंसान की गणना उस बात से की जाती है की वह ताकत मिलने के बाद क्या करता है।” – PLATO
जब आपकी इच्छा बलवान और उचित हो तब आप आसानी से उसे पाने के लिये अलौकिक ताकत पा सकते हो।” – NAPOLEON HILL
और अंत में….
“प्रकृति अति खूबसूरत चीज है। यह नियम और विज्ञान द्वारा परीबध्द है।” – लार्ड इरविन
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कहानी के सभी दृश्य, पात्र, घटनाएं काल्पनिक है। इसका किसी भी जीवित या मृत व्यक्ति से कोई लेना-देना नहीं। अगर कहीं भी किसी तरह की समानता पाई जाती है तो यह सिर्फ और सिर्फ संयोग मात्र हैं। यह कहानी किसी की भी धार्मिक भावनाओं को आहत नहीं करती ना ही लेखक का औचित्य इस तरह का है।
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~कहानी अगले भाग से शुरू
~अपनी समीक्षा देना बिल्कुल मत भुलिएगा।

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